जंत्र, मंत्र और वेद तंत्र में - श्री हरिराम व्यास (विशाखा अवतार) - व्यास वाणी, पूर्वार्ध (38)

जंत्र, मंत्र और वेद तंत्र में - श्री हरिराम व्यास (विशाखा अवतार) - व्यास वाणी, पूर्वार्ध (38)

“ जंत्र, मंत्र और वेद तंत्र में, सभी तार को तार,
परम धन राधा नाम आधार || ”

- श्री हरिराम व्यास (विशाखा अवतार) - व्यास वाणी, पूर्वार्ध (38)

न कोई ऐसा यन्त्र है, न मन्त्र है और न ही तंत्र है जो राधा नाम के ऊपर भारी पर सके | श्री हरिराम व्यास जी के शब्दों में राधा नाम ही उनका परम धन है जो सब का आधार है |