श्रीबिहारिनदास को यह बिसन राधा नाम हृदय धरि वसि रहैं वृन्दावन |
- श्री बिहारिन देव - बिहारिन देव जी की वाणी
- श्री बिहारिन देव - बिहारिन देव जी की वाणी
श्री बिहारिन दास जी कहते हैं कि जीव अत्यंत प्रकार के नशे करता है जो तुरंत उतर जाता है और दुख/अशांति प्रदान करता है, परंतु उन्हें राधा नाम और वृन्दावन धाम का जो नशा चढ़ा है वो दिन पर दिन बढ़ता जाता है और अत्यंत रस युक्त है।

