जिनकै जुगल बिहार की, बात चलै दिन रैन।
तिनही कौ संग कीजिये, छाँड़ि और सब गैन॥
- श्री ध्रुवदास, ब्यालीस लीला, मन शिक्षा लीला (36)
जो भक्त अहर्निश युगल-विहार की चर्चा करते रहते हैं, उन्हीं का संग करना चाहिए तथा अन्य सभी मार्गों को त्याग देना चाहिए।
तिनही कौ संग कीजिये, छाँड़ि और सब गैन॥
- श्री ध्रुवदास, ब्यालीस लीला, मन शिक्षा लीला (36)
जो भक्त अहर्निश युगल-विहार की चर्चा करते रहते हैं, उन्हीं का संग करना चाहिए तथा अन्य सभी मार्गों को त्याग देना चाहिए।

