विंशतिर्योजनानां च माथुरं मम मण्डलम्।
यत्र तत्र नर: स्त्रात्वा मुच्यते सर्वपातकै:।।
- वराह पुराण
मेरा ब्रज-मण्डल 20 योजन (80 कोस) का है, जिसके यत्र-तत्र स्थित तीर्थों में स्नान करके मनुष्य सब पातकों से मुक्त हो जाता है।
- वराह पुराण
मेरा ब्रज-मण्डल 20 योजन (80 कोस) का है, जिसके यत्र-तत्र स्थित तीर्थों में स्नान करके मनुष्य सब पातकों से मुक्त हो जाता है।

