श्री दाऊजी - बलदेव जी का स्थान, लौहवन

श्री दाऊजी - बलदेव जी का स्थान, लौहवन

स्थान:
श्री दाऊजी मंदिर लौहवन में स्थित है। यह गोचारण वन है जहाँ श्री कृष्ण और बलराम अपनी गायों को चराते थे।

दिव्य लीला:
श्री बलदेव जी का श्रीविग्रह जो काले रंग का है, बहुत आकर्षक है। श्री वज्रनाभ ने यहाँ इस विग्रह की स्थापना की थी। उनके सामने, रेवती जी, श्री बलदेव जी की पत्नी, सम्मान में अपनी आँखों को नीचे किये विराजमान हैं।

कहा जाता है कि औरंगजेब दाऊजी के चमत्कार से स्तब्ध था। जब वह कई अन्य मंदिरों को नष्ट कर रहा था तब वह दाऊ जी के मंदिर की खोज में था।
उसकी पूरी सेना पूरी रात मंदिर को ढूंढती रही लेकिन मंदिर नहीं मिला। थक-हारकर निराश होकर वह सेना के साथ अपने शिविर में लौट आया। यह दाऊ जी का चमत्कार ही था।

श्री दाऊजी क्षीरसागर [संकर्षण कुंड] से प्रकट हुए हैं और इस स्थान पर विराजमान हैं।

श्री दाऊ जी सभी ब्रजवासियों द्वारा पूजनीय हैं।