अन्तःकरण मद्वाक्यं - महाप्रभु श्री वल्लभाचार्य, अन्तःकरण प्रबोध (1)

अन्तःकरण मद्वाक्यं - महाप्रभु श्री वल्लभाचार्य, अन्तःकरण प्रबोध (1)

अन्तःकरण मद्वाक्यं सावधानतया शृणु।
कृष्णात्परं नास्ति दैवं वस्तुतो दोषवर्जितम् ।।

- महाप्रभु श्री वल्लभाचार्य, अन्तःकरण प्रबोध (1)

हे अंतःकरण मेरी बात सावधानी पूर्वक सुन, वस्तुतः दोष रहित श्री कृष्ण से कोई अन्य देवता नहीं है ।