मम नाम सहस्राणि राधानाम सकृत् स्मरन् -  वृहद्वामन पुराण

मम नाम सहस्राणि राधानाम सकृत् स्मरन् - वृहद्वामन पुराण

मम नाम सहस्राणि राधानाम सकृत् स्मरन्
मुच्यते भवतो जापे न जाने तस्य किं फलम् ॥

- वृहद्वामन पुराण

श्री कृष्ण कहते हैं कि मेरे एक हज़ार बार नाम को जो जपता है और श्री राधा नाम का केवल एक बार स्मरण ही कर लेता है वह भव बंधन से छूट जाता है । जो सदा श्री राधा नाम को भजता है उसे क्या फल मिलता है यह तो मैं भी नहीं जानता ।