घर्म स्थानं त्वयोध्याख्यं श्रीरंग मुक्ति साधनम ।
द्वारका भक्ति कृत प्रोत्ता रसस्थानं तु माथुरम् ॥
- वृहद् ब्रह्म संहिता (नारद पंचरात्र के अन्तर्गत)
श्री अयोध्या धर्मस्थान, श्रीरंग क्षेत्र मुक्ति साधन, श्री द्वारिका भक्ति स्थान तथा श्रीमथुरा (ब्रज क्षेत्र) रसस्थान हैं ।
द्वारका भक्ति कृत प्रोत्ता रसस्थानं तु माथुरम् ॥
- वृहद् ब्रह्म संहिता (नारद पंचरात्र के अन्तर्गत)
श्री अयोध्या धर्मस्थान, श्रीरंग क्षेत्र मुक्ति साधन, श्री द्वारिका भक्ति स्थान तथा श्रीमथुरा (ब्रज क्षेत्र) रसस्थान हैं ।

