सुखनिधि रसनिधि रूपनिधि, वृंदाविपिन उदार - श्री ब्रजवासीदास, ब्रज विलास

सुखनिधि रसनिधि रूपनिधि, वृंदाविपिन उदार - श्री ब्रजवासीदास, ब्रज विलास

सुखनिधि रसनिधि रूपनिधि, वृंदाविपिन उदार ।
शारद नारद शेष शिव, वर्णनत विधि श्रुति चार ॥

- श्री ब्रजवासीदास, ब्रज विलास

श्री वृन्दावन धाम सुख, रस एवं रूप की अपार निधि है, जिसकी महिमा का वर्णन सरस्वती, नारद, शेष, शिव एवं चारों वेद करते हैं।