कुंज महल वृन्दाविपिन, विलसत श्यामा श्याम ।
सेवति सहचरि प्राणवत, सब दिन 'दाताराम' ॥
- श्री दाताराम
वृंदावन के दिव्य कुंज-महल में श्री श्यामा-श्याम नित्य प्रेम-विलास करते हैं, और उनकी सहचरियाँ प्राणपण से निरंतर उनकी सेवा में तत्पर रहती हैं।
सेवति सहचरि प्राणवत, सब दिन 'दाताराम' ॥
- श्री दाताराम
वृंदावन के दिव्य कुंज-महल में श्री श्यामा-श्याम नित्य प्रेम-विलास करते हैं, और उनकी सहचरियाँ प्राणपण से निरंतर उनकी सेवा में तत्पर रहती हैं।

