कोटि कोटि जगद्भासि नखचन्द्र मणिच्छटे - श्री हित कृष्ण चंद्र, श्री राधा उपसुधा निधि (5)

कोटि कोटि जगद्भासि नखचन्द्र मणिच्छटे - श्री हित कृष्ण चंद्र, श्री राधा उपसुधा निधि (5)

कोटि-कोटि जगद्भासि नखचन्द्र मणिच्छटे ।
आश्चर्य्य रूप-लावण्ये सकृन्मे देहि दर्शनम् ॥

- श्री हित कृष्ण चंद्र, श्री राधा उपसुधा निधि (5)

अपने चरणों की नख चन्द्र मणि की छटा से कोटि कोटि भ्रमांडों को भी प्रकाशित करने वाली स्वामिनी! हे आश्चर्यमय रूप लावण्यमयी! मुझे एक बार तो दर्शन दीजिए ?