हा वृंदावन हा वंशीवट हा हा यमुना कुंज - श्री मनोहर दास, भक्ति सुमिरनी

हा वृंदावन हा वंशीवट हा हा यमुना कुंज - श्री मनोहर दास, भक्ति सुमिरनी

हा वृंदावन हा वंशीवट हा हा यमुना कुंज ।
हा गोवर्धन राधासर श्री प्रिया प्रेम सुख पुंज ॥

- श्री मनोहर दास, भक्ति सुमिरनी

हे श्री वृंदावन धाम, हे वंशीवट, हे यमुना कुंज, हे गोवर्धन में स्थित समस्त सुखों की राशि श्री राधा कुंड, श्री राधा के हृदय का अगाध प्रेम ही आपके रूप में प्रकट हुआ है ।