दीनबंधु अधमुद्धरन, नाम ग़रीब निवाज़ - श्री दयाराम जी

दीनबंधु अधमुद्धरन, नाम ग़रीब निवाज़ - श्री दयाराम जी

दीनबंधु अधमुद्धरन, नाम ग़रीब निवाज़।
यह सब में मैं कोन जो, सुधि न लेत ब्रजराज॥

- श्री दयाराम जी

हे ब्रजराज! आप दीनबंधु हैं तो क्या मैं दीन नहीं हूँ, आप अधमों का उद्धार करने वाले हैं तो क्या मैं अधम नहीं हूँ, आप ग़रीबनिवाज़ हैं, तो क्या मैं ग़रीब नहीं हूँ। इन सब में से क्या मैं कुछ भी नहीं हूँ जो आप अब तक मेरी सुध नहीं लेते!