श्री हित चतुर्भुजदास

श्री हित चतुर्भुजदास, जिन्हें चतुर्भुजदास पाठक के नाम से भी जाना जाता है, वृंदावन के श्री राधा वल्लभ संप्रदाय के एक रसिक भक्त हैं।

5 लेख उपलब्ध हैं

  1. श्रीहरिवंश चरण बिनु बल गहौं - श्री हित चतुर्भुजदास जी

    श्री हित हरिवंश महाप्रभु के चरणों के अतिरिक्त मैं और किसका बल (आश्रय) ग्रहण करूँ? जिनके लिए लाड़ली-लाल (श्री राधा-कृष्ण) का दिव्य केलि-मिलाप और सुखदायक श्री वृन्दावन ही एकमात्र वास्तविक धन है।

  2. इतनौं कह्यौ हमारौ कीजे - श्री हित चतुर्भुजदास

    हे प्रिया-प्रियतम! मेरी यह लघु प्रार्थना स्वीकार कीजिये। जिस प्रकार श्री वृन्दावन धाम इस भूतल पर साक्षात् सुशोभित है, उसी प्रकार आप इस परम पावन धाम को मेरे हृदय-कमल में भी प्रतिष्ठित कर दीजिये।

  3. जावक चरण देत चूम उर धर लेत - श्री हित चतुर्भुजदास

    श्री कृष्ण श्री राधा के चरणों में जावक लगते हैं, उन कोमल चरणों को चूमकर हृदय से लगाते ही प्रेम-वेग से रोमांचित हो उठाते हैं एवं नेह के आँसू बहाते हैं ।