श्यामा प्यारी यह आज्ञा मैं पाऊँ - श्री अली माधुरी जी, श्री निकुञ्ज केली माधुरी, श्यामा जू की विनय पत्रिका (6)
हे परम करुणा निधान, नित्य किशोरी, श्री श्यामा प्यारी जू(श्री राधा)! कृपा कर मुझे यह आज्ञा दीजिए कि मैं सदैव अपने मन को आपके चरण कमलों में ही रखूँ ।
