प्रिया स्याम-सँग जागी है सोभित - श्री विठ्ठल विपुल देव जी, श्री विट्ठल विपुल देव जू की बानी (9)
श्रीप्रिया जी रात भर प्रियतम श्यामसुंदर के साथ जागती रही हैं। उनके सुवर्ण के समान कांतियुक्त कपोलों की सुंदर आभा पर प्रियतम के वस्त्रों की छाप अंकित है, जो अत्यंत सुशोभित हो रही है।
