ग्राम-सिंह भूंस्यौ बिपिन - श्री भगवत रसिक जी की वाणी, अनन्य निश्चयात्मक ग्रंथ [पूर्वार्ध] (26)
एक गाँव के पास एक जंगल था, जहाँ एक दिन एक कुत्ता जंगल में घुस गया और शेर को देखकर भौंकने लगा। उसकी देखा-देखी गाँव के अन्य बेवकूफ कुत्ते भी बिना कारण भौंकने लगे। भगवत् रसिक समझाते हैं कि लोग भी ऐसे ही, महापुरुषों की बातों को बिना अनुभव के दोहराते रहते हैं, लेकिन उनके गूढ़ रहस्य से दूर ही रहते हैं।
